Militancy in Jammu Kashmir: जम्मू-कश्मीर में सिर्फ 270 सक्रिय आतंकी ही बचे; भारी दबाव में है पाकिस्तान

Total Views : 43
Zoom In Zoom Out Read Later Print

जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीजी दिलबाग सिंह ने कुछ दिन पहले यह जानकारी दी थी कि प्रदेश में वर्ष 2020 में आतंकवादियों के 635 मददगारों को पकड़ा गया था। इन ओवर ग्राउंड वर्करों में से 56 के खिलाफ पब्लिक सेफ्टी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।

राज्य ब्यूरो, जम्मू: जम्मू कश्मीर में सुरक्षाबलों की आतंकरोधी मुहिम ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। इस समय प्रदेश में सिर्फ 270 सक्रिय आतंकी ही रह गए हैं। वर्ष 2020 में आतंकियों पर सुरक्षाबल भारी रहे हैं। इस दौरान 139 मुठभेड़ हुई। इनमें 232 आतंकवादियों को मार गिराया गया।

उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार कुल सक्रिय आतंकियों में कश्मीर में 205 आतंकवादी ही सक्रिय हैं। इन्हें भी मार गिराने के लिए भी कार्रवाई जारी है। वर्ष 2019 में कश्मीर में सक्रिय आतंकवादियों की संख्या 421 थी जो वर्ष 2020 में कम होकर करीब 300 रह गई। अब न सिर्फ आतंकवादियों, अपितु उनके मददगारों पर नकेल कस दी गई है। जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीजी दिलबाग सिंह ने कुछ दिन पहले यह जानकारी दी थी कि प्रदेश में वर्ष 2020 में आतंकवादियों के 635 मददगारों को पकड़ा गया था। इन ओवर ग्राउंड वर्करों में से 56 के खिलाफ पब्लिक सेफ्टी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।

भारी दबाव में है पाकिस्तान और आतंकियों के आका: कश्मीर में आतंकवादियों पर सुरक्षाबलों के भारी दबाव से पाकिस्तान हताश है। इसलिए वह नियंत्रण रेखा से लेकर अंतरराष्ट्रीय सीमा पर आतंकियों की घुसपैठ कराने की कोशिश में है। अधिकतर आतंकी गुलाम कश्मीर में लांचिंग पैड पर बैठे सूत्रों के अनुसार इस समय घुसपैठ करने के लिए नियंत्रण रेखा के पार 400 के करीब आतंकवादी सीमा पार लां¨चग पैड पर डेरा डाले हुए हैं। इनमें से अधिकतर कश्मीर में नियंत्रण रेखा से सटे गुलाम कश्मीर के इलाकों में घुसपैठ करने के लिए मौका तलाश रहे हैं। उनके मंसूबों को नाकाम बनाने को सेना ने पूरी तैयारी कर रखी है।

See More

Latest Photos