उज्जैन, मध्यप्रदेश:
नवरात्रि के पावन अवसर पर उज्जैन स्थित मां बगलामुखी धाम में भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। मां बगलामुखी की कृपा से अपनी मनोकामना पूर्ण होने पर एक श्रद्धालु ने मां को आधा किलो वजन का स्वर्ण मुकुट अर्पित कर अपनी श्रद्धा व्यक्त की। यह चढ़ावा गुप्त दान के रूप में अर्पित किया गया, जिसकी जानकारी धाम के महंत 1008 पीर योगी राम नाथ महाराज ने दी।
विशेष पूजन-अभिषेक और भक्तों का उमड़ा जनसैलाब
महंत योगी राम नाथ महाराज ने बताया कि नवरात्रि के पावन दिनों में मां बगलामुखी की विशेष पूजन, अभिषेक एवं अनुष्ठान हो रहे हैं, जिनमें देश-विदेश से हजारों की संख्या में श्रद्धालु भाग ले रहे हैं।
श्रद्धालु इन विशेष अवसरों पर मां से मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए पूजा-अर्चना करते हैं और पूर्ण होने पर विभिन्न रूपों में दान और भेंट अर्पित करते हैं। ऐसा ही एक उदाहरण इस नवरात्रि में तब सामने आया, जब एक अज्ञात भक्त ने मां को 500 ग्राम शुद्ध सोने का मुकुट समर्पित किया। यह मुकुट अब मंदिर में मां बगलामुखी की प्रतिमा पर शोभायमान है।
भक्ति, विश्वास और परंपरा का केंद्र – बगलामुखी धाम
उज्जैन के भैरवगढ़ में स्थित यह मंदिर मां बगलामुखी के प्रमुख सिद्ध पीठों में से एक माना जाता है।
यहां एक ही परिसर में मां प्रत्यंगिरा देवी, महाबली काल भैरव, श्री खाटू श्याम बाबा, महावीर हनुमान, स्फटिक शिवलिंग, नवनाथ, नवग्रह, श्री शनिदेव, और श्री मलंगनाथ सरकार की समाधि भी स्थापित हैं, जो इसे आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत विशिष्ट बनाता है।
मिर्ची हवन से होती है विशेष साधना
भारत के अन्य बगलामुखी शक्तिपीठों की तरह यहां भी विशेष अवसरों पर “मिर्ची से हवन यज्ञ” की परंपरा है। मान्यता है कि इस यज्ञ से शत्रुनाश, वशीकरण, और मनोकामना पूर्ति जैसे कार्य सिद्ध होते हैं।
चैत्र नवरात्रि और शारदीय नवरात्रि में यहां विशेष भीड़ उमड़ती है और भक्तजन सिद्ध मंत्रों और अनुष्ठानों द्वारा मां का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
