— हाल ही में छात्रावास की छात्राओं से संबंधित कुछ समाचार माध्यमों एवं सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित खबरों को संबंधित प्रशासन एवं जिम्मेदार अधिकारियों ने पूरी तरह भ्रामक और तथ्यहीन बताया है। अधिकारियों के अनुसार, खबरों में प्रस्तुत किए गए तथ्यों का वास्तविक स्थिति से कोई संबंध नहीं है और इन्हें बिना पुष्टि के प्रसारित किया गया है।
प्रशासन का कहना है कि छात्रावास में रह रही छात्राओं की सुरक्षा, सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं को लेकर नियमित निगरानी की जाती है तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है। हालिया वायरल खबरों के संदर्भ में भी जांच की गई, जिसमें आरोप निराधार पाए गए।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की अपुष्ट खबरें न केवल छात्राओं एवं उनके अभिभावकों में अनावश्यक भय और भ्रम उत्पन्न करती हैं, बल्कि संस्थान की छवि को भी नुकसान पहुंचाती हैं। उन्होंने मीडिया एवं आम जनता से अपील की है कि किसी भी जानकारी को साझा करने से पहले उसकी सत्यता की पुष्टि अवश्य करें।
प्रशासन ने यह भी संकेत दिया है कि भ्रामक खबरें फैलाने वालों के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा सकती है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की अफवाहों पर रोक लगाई जा सके।
